जनवरी 04, 2018

टाटा प्रॉजेक्ट्स दायवू जेवी को रु. 5,612 करोड़ में मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक पैकेज 2 प्राप्त हुआ

जेवी निर्माण के लिए रीवर्स सर्कुलेशन ड्रिल प्रविधि और जापान के विशेष स्टील का प्रयोग करनेवाले हैं

हैदराबाद: टाटा प्रॉजेक्ट्स ने, दक्षिण कोरिया के दायवू इंजीनियरिंग एंड कंस्ट्रक्शन के साथ संयुक्त उपक्रम में, यह घोषणा की है कि उन्होंने भारत के सबसे लंबे सी-ब्रिज – मुंबई ट्रांस हार्बर लिंक के एक भाग के डिजाइन और निर्माण के लिए 850 मिलियन यूएसडॉलर (रु. 5,612 करोड़) का एक करार हासिल किया है।  

हालांकि टाटा जेवी सी पैकेज 1 तथा 2 दोनों के लिए सबसे न्यूनतम बोलीदाता थे, इसे निविदा शर्तों के प्रावधानों के अनुसार केवल एक पैकेज (पैकेज 2) प्रदान किया गया। दायवू– टाटा प्रॉजेक्ट्स JV को प्रदान किए गए पैकेज के तहत रु. 5,612 करोड़ (850 मिलियन यूएस डॉलर) का मुंबई की खाड़ी के पार एक 7.8 किमी लंबे सेतु खंड का निर्माण सम्मिलित है जिसके तहत नवी मुंबई में शिवाजीनगर इंटरचेंज सम्मिलित है, जो एक जटिल विस्तार है।

टाटा प्रॉजेक्ट्स भारत की एक सबसे तेजी से वृद्धिशील निर्माण कंपनी है और अपने कोरियाई सहयोगी के साथ, यह इस माइलस्टोन परियोजना को कार्यान्वित करने के लिए स्टेट-ऑफ-द-आर्ट प्रौद्योगिकी तथा अद्यतन निर्माण प्रविधियां इस्तेमाल कर रहे हैं। इस परियोजना में बड़े खंड (180 मीटर) नेवीगेशन स्पैन में ऑर्थोपेडिक स्टील डेक ढांचे की नींव और खिंचाव के लिए रीवर्स सर्कुलेशन ड्रिल प्रविधि का इस्तेमाल किया जाएगा। इसकी संरचना के लिए जापान से विशेषीकृत स्टील का आयात किया जाएगा।

टाटा प्रॉजेक्ट्स इसमें उच्चतम गुणवत्ता और सुरक्षा पानकों का अनुपालन करते हैं और और इस परियोजना को तय समय पर पूरा करने के लिए अनुबद्ध हैं।

रीवर्स सर्कुलेशन ड्रिलिंग कठोर चट्टानों में नींव डालने की एक प्रविधि है मशीन से चट्टान में छेद किया जाता है और काटकर निकाली सामग्रियों को पानी में मिलाया जाता है, जिसे मशीन दबावयुक्त हवा के उपयोग से सतह पर बाहर फेंक देता है। यह प्रविधि अधिक त्वरित है तथा कठोर चट्टानों में परंपरागत बोर पाइलिंग प्रविधि की अपेक्षा अधिक सफल प्रमाणित हुई है।  इस प्रविधि के उपयोग से उच्च ड्रिलिंग प्रवेश दर प्राप्त की जा सकती है क्योंकि यह बिल्कुल बहुमुखी है। परंपरागत प्रविधि से तुलना करें तो यह एक पर्यावरण मित्र तकनीक भी है क्योंकि इसमें बेंटोनाइट/पॉलीमर का उपयोग नहीं होता है

एक ऑर्थोट्रॉपिक स्टील डेस्क संरचना में एक संरचनागत स्टील प्लेट तथा एक विस्तारित बाहु।  यह बाहु (आर्म) नेवीगेशन करने के लिए ऑब्लिगेटरी स्पैन पर स्थित है। यह संरचना विभिन्न भारों को उठा पाने में सक्षमता के लिए लंबी तथा आड़ी कठोरता से युक्त है।  इस प्रकार, पूर्व संरचित ढांचे को आरपार सरकाया जा सकता है। या 180 मीटर ढांचा योजना सबसे बड़ी बनाई गई इस्तेमाल में है।