अगस्त 10, 2016

टाटा केमिकल्स ने रु.2670 करोड़ में अपने यूरिया व्यापार को यारा को बेचने की घोषणा की

मुंबई: टाटा केमिकल्स के निदेशक बोर्ड ने आज, अपने व यारा के बीच सहमत तरीके से सभी जरूरी विनियमों व अन्य हाईकोर्ट/नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (एनसीएलटी) के अनुमोदनों व मंजूरियों के विषयाधीन बोर्ड द्वारा अनुमोदित व्यवस्था की योजना (योजना) के अनुपालन में यारा फर्टिलाइज़र इंडिया प्राइवेट लिमिटेड (यारा इंडिया) को एकमुश्त बिक्री के माध्यम से कंपनी के बबराला, उत्तर प्रदेश स्थित इसके संयंत्रों द्वारा विनिर्मित, वितरित यूरिया, अनुकूलित खादों के व्यवसाय (यूरिया व्यापार) के स्थानांतरण व व्यापार की बिक्री के लिए निदेशकों की समिति के साथ-साथ ऑडिट कमेटी की अनुशंसाओं पर विचार किया व उनको स्वीकार कर लिया।

युरिया व्यापार के साथ इसकी परिसंपत्तियां, देयताएं, अनुबंध व डीड्स आदि भी यारा इंडिया को स्थानांतरित व उसमें निहित हो जाएंगी जो कि एकमुश्त बिक्री आधार पर प्रभावी हुई योजना के अनुपालन में होगा अर्थात यह हस्तांतरण, कंपनी को यारा इंडिया द्वारा किए जाने वाले एक एकमुश्त राशि के भुगतान के एवज, उन नियम व शर्तों के अधीन होगा जो कंपनी व यारा के बीच सहमत पाए गए हैं।

कंपनी के यूरिया व्यापार का एकमुश्त भुगतान के एवज में होने वाला यह स्थानांतरण रु.2,670 करोड़ की एकमुश्त राशि की योजना के अनुपालन होगा जो कि बंदी के पश्चात कुछ समायोजनों से विषयित होगा जैसा कि पक्षों के बीच योजना के निश्चित अनुबंधों की शर्तों में सहमत है।

टाटा केमिकल्स के निदेशक बोर्ड ने कंपनी व यारा इंडिया व यारा इंटरनेशनल एएसए (यारा) के बीच, सभी जरूरी विनियामक व अन्य अनुमोदनों के साथ योजना के प्रभावी होने सहित योजना में शामिल शर्तों की संतुष्टि से विषयित योजना के अनुपालन में यारा इंडिया को यूरिया व्यापार की बिक्री व स्थानांतरण के संबंध में सुनिश्चित अनुबंधों के निष्पादन को भी अनुमोदित किया है।

टाटा केमिकल्स द्वारा यूरिया व्यापार में विनिवेश कंपनी के लिए मूल्य प्रदान करेगा तथा इसकी बैलेंस शीट को शक्ति देगा और इसकी रणनीतिक दिशाओं के अनुरूप विकास संभावनाओं व अवसरों को आगे बढ़ाने में सहायक होगा।

टाटा केमिकल्स द्वारा विनिवेश की यह प्रक्रिया कंपनी की विश्वस्तरीय कंपनियों के साथ साझीदारी और/या स्वामित्व के स्थानांतरण द्वारा खाद के व्यापार को मजबूती देते रहने की कंपनी की रणनीतिक दिशा के अनुरूप है। यूरिया व्यापार को अब यारा के अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क व इसकी वैश्विक विशेषज्ञता का लाभ मिलेगा।

टाटा केमिकल्स अपने पारस, टीकेएस व दक्षा ब्राड का स्वामित्व अपने पास रखेगी। इस लेनदेन में विशेषज्ञता व जटिल उत्पाद शामिल नहीं हैं।

इस अवसर पर बोलते हुए आर मुकुंदन, एमडी, टाटा केमिकल्स ने कहा कि यह निर्णय कंपनी की उस रणनीति का हिस्सा है जिसके अंतर्गत अपनी सहायक कंपनियों रैलीस और मेटाहैलिक्स के माध्यम से कंपनी खेती के व्यवसाय पर ध्यान देते हुए अकार्बनिक रसायन व्यवसाय में नेतृत्व को बनाए रखते हुए उपभोक्ता व्यवसाय के निर्माण में आगे बढ़ाएगी। कंपनी को यूरिया व्यापार में एक मजबूत साझीदार पा कर प्रसन्नता हो रही है।