फरवरी 2018

'टाटा समूह की बढ़त'

श्री एल फेबर कहते हैं, नैतिकता, पारदर्शिता और ग्राहक-केंद्रित उत्कृष्टता (एक्सीलेंस) टाटा समूह द्वारा अपनाए गए सतत सुधार मॉडल बाल्ड्रिज एक्सीलेंस फ्रेमवर्क के आधार स्तंभ हैं। दुनिया भर के कॉरपोरेशन में इस फ्रेमवर्क को प्रोत्साहित करने वाली संस्था बाल्ड्रिज फाउंडेशन के प्रेसिडेंट और चीफ एक्जीक्यूटिव इस बात को लेकर सुनिश्चित हैं कि ये दोनों मूल्य बिजनस एक्सीलेंस को लक्षित हर प्रोग्राम के मूल में हों।

युनाइटेड स्टेट्स आर्मी के रिटायर्ड कर्नल मि. फेबर 2014 से बाल्ड्रिज फाउंडेशन के प्रमुख हैं। क्रिस्टाबेल नोरोन्हा के साथ इस साक्षात्कार में वह बाल्ड्रिज एक्सीलेंस फ्रेमवर्क के बारे में और इस बारे में कि सतत और सर्वत्र राजनैतिक, सामाजिक और आर्थिक उद्वेलन वाली दुनिया की चुनौतियों से निबटने हेतु यह कैसे विकसित हुई है। संपादित अंश:

सामान्य रूप से बिजनस एक्सीलेंस के संदर्भ में और खास तौर पर बाल्ड्रिज मॉडल के संदर्भ में टाटा जैसे विभेदीकृत समूह के लिए कौन सी व्यावसायिक अनिवार्यताएं हैं?
दुनिया में बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क का टाटा सबसे बड़ा प्रयोक्ता है और यह इस मॉडल को अपनाने वाले प्रत्येक बड़े संगठन के लिए मानक है। दशकों के ज्ञान और एकीकरण और एक व्यावसायिक विकास टूल के रूप में बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क के लिए प्रतिबद्धता ने टाटा को उन व्यवसायों से अलग किया है जो इसे बस प्रॉसेस सुधार के लिए इस्तेमाल करते हैं।

प्रत्येक स्तर पर टाटा प्रबंधक फ्रेमवर्क को पूरी तरह अपनाते हैं और इससे ग्रुप के ईकोसिस्टम में प्रतिबद्धता आती है। टाटा कंपनियां एक दूसरे की सफलता पर आधारित हैं और इसका प्रत्यक्ष अनुभव मुझे 2016 में दिल्ली में आयोजित टाटा बिजनस एक्सीलेंस कन्वेंशन में हुआ। टाटा समूह के अंदर बिजनस एक्सीलेंस कार्यव्यवहारों के समन्वयन और तुल्यकालन अत्यंत प्रभावशाली थे।

प्रॉसेस और मापन के लिए संरेखित तथा सिस्टम-व्यापी अभिगम का होना टाटा जैसे विविधतापूर्ण संगठन के लिए विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। टाटा बिजनस एक्सीलेंस ग्रुप संपूर्ण समूह में निष्पादन और सहयोग का माहौल तैयार करने में मदद करता है और टाटा बिजनस एक्सीलेंस मॉडल (TBEM) टाटा समूह को वैश्विक मानक हासिल करने में मदद करता है।

क्या आप बता सकते हैं कि बिजनस द्वारा, खासकर राजनैतिक और सामाजिक टूटन के इस दौर में बाल्ड्रिज मॉडल किस प्रकार चुनौतियों से निबटने हेतु विकसित हुआ है?
बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क के इस नवीनतम संस्करण में एंटरप्राइज रिस्क प्रबंधन पर बहुत अधिक बल दिया गया है। राजनैतिक और सामाजिक टूटन के युग में संगठनों के लिए अधिक गतिशीलता और लोचशीलता चाहिए होती है। कुशल जोखिम प्रबंधन के लिए जरूरी है कि टाटा जैसी कंपनियां ऐसे निर्णय करें कि कब और कैसे जोखिम उठाया और प्रबंधित किया जाए।

जोखिम प्रबंधन (रिस्क मैनेजमेंट) में टाटा को अनोखी चुनौतियों का सामना करना पड़ता है लेकिन इसकी क्षमताएं भी अनोखी हैं। जोखिम स्तर को संतुलित करना व्यवसाय की धारणीयता के लिए जरूरी होता है और नवाचार का अवसर जटिल और गतिशील चुनौती होता है। वर्षों तक बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क इस्तेमाल करने के टाटा के अनुभव और संगठन में गहराई तक इसका अनुप्रयोग, ये दोनों बातें जोखिम प्रबंधन के संदर्भ में समूह को एक प्रतिस्पर्धी लाभ दिलाते हैं।

बाल्ड्रिज फाउंडेशन और टाटा समूह के बीच संबंध को आप कैसे परिभाषित करेंगे? वर्षों के दौरान क्या बदला है और क्या अपरिवर्तित रहा?
पिछल दो दशकों में जो चीज अपरिवर्तित रही है वह है बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क और परिणाम देने हेतु मदद करने में इसके मूल्य के लिए टाटा की सतत प्रतिबद्धता। इस प्रतिबद्धता ने बाल्ड्रिज फाउंडेशन और टाटा समूह के बीच संबंध को मजबूत किया है। जितना अधिक मैं टाटा और TBEM के बारे में जानता हूं उतना ही अधिक मुझे इस बात की सुनिश्चितता होती है कि यह फाउंडेशन का अपने कॉरपोरेट साझेदार के साथ सबसे मूल्यवान संबंध है।

बिजनस एक्सीलेंस (व्यवसाय उत्कृष्टता) के कार्यव्यवहार पर डिजिटल लहर का किस प्रकार प्रभाव पड़ा है? कंपनियों को किस बात पर नजर रखनी पड़ती है?
ऑटोमेशन से जहां गति, दक्षता और गुणवत्ता बढ़ती है तथा लागत में कमी आती है, वहीं यह ऐसे प्रबंधकों के लिए खतरनाक होता है जो बेहतर प्रक्रिया के विकल्प के रूप में इसके ऊपर निर्भर हो जाते हैं। प्रायः, डिजिटलाइजेशन को संगठनों द्वारा अपना ध्यान सतत सुधार की प्रक्रिया से हटाकर तकनीक पर स्थानांतरित करने की वजह के रूप में देखा जाने लगता है। यह गलत सोच है। प्रबंधकों को याद रखना चाहिए कि ऑटोमेशन (स्वचालन) केवल तभी कारगर होता है जब हम उस प्रक्रिया को समझें जिसका हम स्वचालन करें।

हम जिन प्रक्रियाओं का ऑटोमेशन कर रहे हैं वह हमारे ग्राहकों और साथ ही हमारे संगठन के लिए मूल्य वर्धन करे, यह सुनिश्चित करने के लिए समय निकालना महत्वपूर्ण होता है। साथ ही रणनीति में डिजिटल रूपांतरण शामिल करना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। कौन सी प्रक्रियाएं सर्वाधिक लागत-प्रभावी हैं और संगठन के ऊपर किन प्रक्रियाओं का सर्वाधिक उत्पादक प्रभाव पड़ता है, यह निर्धारित करना महत्वपूर्ण है। सर्वे दिखाता है कि ऑटोमेशन आरंभ करने से पूर्व प्रबंधकों को मूलभूत दक्षताओं, प्रमुख कार्य प्रणालियों तथा उनके विजन को हासिल करने हेतु जरूरी कारकों की स्पष्ट समझ के साथ अपने संगठन पर समग्र रूप से विचार करना चाहिए।

2017 में साइबर सिक्योरिटी को इसके दायरे में लाकर माल्कम बाल्ड्रिज नेशनल क्वालिटी इंप्रूवमेंट एक्ट (माल्कम बाल्ड्रिज गुणवत्ता सुधार अधिनियम) का विस्तार किया गया है। इस डिजिटल युग में, वे कौन से अन्य क्षेत्र हैं जहां इस अधिनियम को विस्तारित किया जाना चाहिए?

इस डिजिटल युग को, विस्तृत अर्थों में, सूचना युग कहा जाता है। दो महत्वपूर्ण क्षेत्र कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) तथा विज्ञान, तकनीक, अभियंत्रण तथा गणित (STEM) शिक्षा के हैं।

कंप्यूटर द्वारा स्वयं को शिक्षित करने और आत्म-चेतन होने की शुरुआत करने के बाद तीव्र विकास को नियंत्रित करने के लिए प्रणालीगत दृष्टिकोण से रणनीतियों तथा प्रक्रियाओं की जरूरत होगी, जो सभी नैतिक नेतृत्व से जुड़ा होगा। बाल्ड्रिज अभिगम वह क्रम व्यवस्थित कर सकता है जिसे AI के युग में अव्यवस्था के रूप में देखा जा सकता है।

बाल्ड्रिज साइबरसिक्योरिटी फ्रेमवर्क एक स्वयं-मूल्यांकन उपकरण है जो संगठनों को उनके साइबरसिक्योरिटी जोखिम प्रबंधन प्रयत्नों की प्रभाविता को बेहतर ढंग से समझने में सहायता करता है। बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क की तरह ही, यह सही सवाल पूछता है।

जिस तरह साइबर सुरक्षा बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क में पहले से मौजूद एक अलग अभिगम (या डीप डाइव) की तरह विकसित हुआ है, उसी तरह STEM शिक्षा भी विकसित हो सकती है। तकनीक के इस नए युग में, हमारी शिक्षा प्रणाली तथा कार्यबल विकास नीतियों की मांग है कि हम इसपर गहन विचार करें कि ‘किस प्रकार’ हम स्कूलों, कॉलेजों, तथा विश्वविद्यालयों में भावी कार्यबल को तैयार कर रहे हैं।

दुनिया भर के मुख्य कार्यकारी इसपर चिंता जता रहे हैं कि उच्च-तकनीकी क्षमता वाली नौकरियां खाली हैं क्योंकि उनके लिए शिक्षित और प्रशिक्षित कार्मिक उपलब्ध नहीं है। यह हमारी शिक्षा व्यवस्था की कमी है और इसे बाल्ड्रिज द्वारा मापन के मापदंडों के विकास तथा श्रेष्ठ कार्यव्यवहारों की पहचान करने और उसे साझा करने की प्रक्रियाओं के विकास द्वारा पूरा किया जा सकता है।

आपके अनुसार, 1987 में अवार्ड की स्थापना से लेकर आजतक बाल्ड्रिज का सबसे स्थायी मूल्य क्या रहा है?
क्या मैं दो का उल्लेख कर सकता हूं? बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क के 11 मूल सिद्धांत हैं, हालांकि जिनमें से प्रत्येक अपने कारणों से महत्वपूर्ण है, लेकिन इनमें से दो हमेशा मेरे सामने रहा है: नैतिकता तथा पारदर्शिता, तथा ग्राहक-केंद्रित कुशलता। नेतृत्व से लेकर नीचे तक नैतिकता तथा पारदर्शिता के बिना हम कुछ भी नहीं हैं। मैं समझता हूं कि मूल्य खुद बोलते हैं।

ग्राहक कार्यनिष्पादन तथा गुणवत्ता के आखिरी निर्णायक होते हैं। जो महत्व आप अपने ग्राहकों को देते हैं वह उनके व्यवहार को प्रभावित करता है, और उसके परिणामस्वरूप ग्राहक स्वीकार्यता, संतुष्टि, प्राथमिकता, निष्ठा तथा, अंतिमतः, आपके व्यवसाय को स्थायित्व मिलता है।

बाल्ड्रिज ग्राहकों के बारे में सही प्रश्न पूछता है। यह लक्ष्य है ग्राहक प्रतिधारण, संतुष्टि, निष्ठा तथा बाजार हिस्सा प्राप्ति तथा संवृद्धि प्राप्त करना। सभी संगठनों के पास ग्राहक हैं; यह समझना कि कौन आपके ग्राहक हैं और वे आपसे क्या अपेक्षा रखते हैं, महत्वपूर्ण है।

उच्च प्रदर्शनों का अध्ययन करने की कठिनाइयों में से एक यह तय करना है कि यह कहां मौजूद है। क्या यह व्यक्ति, टीम, व्यवसाय इकाई या निगम में है?
यह बेहद आसान है। उत्तर यह है कि यह हरेक के साथ मौजूद है और यह शिखर से शुरु होता है। यही कारण है कि बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क में पहली कोटि नेतृत्व है। नेतृत्वकर्ता दृष्टिकोण प्रदान करते हैं और मूल्यों के माध्यम से नैतिक मानक स्थापित करते हैं। जहां परंपरागत नेतृत्व उच्च प्रदर्शन प्राप्त कर सकता है, लेकिन परिवर्तनकारी नेतृत्व- जिसपर यह फ्रेमवर्क केंद्रित है- उच्च प्रदर्शन बरकरार रखते हुए एक विश्वस्तरीय संगठन निर्मित करता है।

किस प्रकार एक कंपनी के बोर्ड सदस्य सभी ग्राहकों तथा हितधारकों के लिए वास्तविक मूल्य प्रतिपादित कर सकते हैं?
यह एक बेहतरीन सवाल है। अच्छे उद्देश्यों के साथ यह फ्रेमवर्क विविध स्थानों पर प्रबंधन में मदद करता है। प्रशासन की प्रभाविता के लिए, इसे दीवार पर लिखे नारों और नीतियों और प्रक्रियाओं से कुछ ज्यादा होना चाहिए। बोर्ड के सदस्यों को रोल मॉडल होना चाहिए। उन्हें उठ खड़े होना चाहिए और उन मुख्य घटकों को लागू करना सुनिश्चित करना चाहिए जिनपर फ्रेमवर्क में बल दिया गया है।

कभी-कभी मुख्य संगठनात्मक रणनीतियों के साथ संचालन कर्मियों के तालमेल में कमी आ जाती है। इस खाई को कैसे पाटा जाए?
इस प्रश्न का उत्तर फ्रेमवर्क’की रणनीति श्रेणी के अध्ययन से दिया जा सकता है। योजनाओं, तथा उससे आगे, कार्यों के साथ मुख्य रणनीतियों को जोड़ने की क्षमता की व्याख्या बाल्ड्रिज प्राप्तकर्ताओं से की गई है क्योंकि सबसे महत्वपूर्ण चीज है कि उन्होंने इसे पूरा किया है। जैसा कि एक प्राप्तकर्ता ने हाल ही में कहा, “वास्तविक शक्ति शिखर से तल तक और तल से शिखर तक तालमेल बनाने में निहित है।”

करने की तुलना में यह’कहना आसान है। अच्छी तरह तैयार रणनैतिक योजनाओं को लागू किया जाना चाहिए। एक बार जब संगठन के पास अपना मिशन, विजन तथा मूल्य के साथ रणनैतिक लक्ष्य स्थापित हो जाता है तो विभागों, संभागों तथा व्यक्तियों को इसके साथ तालमेल के लिए योजना बनानी पड़ती है। इसे प्रक्रिया-चालित होने की जरूरत है।

टाटा’की अपनी टिनप्लेट कंपनी ऑफ इंडिया के पास एक सुदृढ़ ‘मदर ऑफ ऑल चार्ट्स’ है जो मुख्य हितधारकों तथा उनकी अपेक्षाओं का आधार है। यह’ एक रोल-मॉडल श्रेष्ठ कार्यव्यवहार है जिसे दुनियाभर में किताबों तथा अध्ययनों में वर्णित किया गया है।

वह एक क्षेत्र ‘सुधार की संभावनाओं’ (OFIs) में क्या होगा जिसे आप संगठन के लिए अनुशंसित करना चाहेंगे?
हर संगठन कुछ खास होता है। बाल्ड्रिज अवार्ड के प्राप्तकर्ताओं से मिली प्रतिक्रियाओं से यह संकेत मिलता है कि जो सबसे पहला OFIs है जिसपर हमला करना चाहिए वह नेतृत्व तथा रणनैतिक योजना के साथ संबद्ध है। रणनीति द्वितीय होगी। हाल के वर्षों में, कई बाल्ड्रिज प्राप्तकर्ताओं से यह पूछा गया कि अगर वे पुनः इस सफर को तय करें तो वे क्या अलग करना चाहेंगे। इन विजेताओं में से काफी ने कहा कि वे संगठन में तल से लेकर ऊपर तक और ज्यादा तेजी से तालमेल स्थापित करना चाहेंगे। हर चीज काफी तेजी से और आसानी से होने लगती है जब एक टीम एकसमान दिशा में आगे बढ़ती है।

इस बाल्ड्रिज फ्रेमवर्क को अन्य प्रदर्शन उत्कृष्टता मॉडलों से क्या चीज अलग करती है?
मैं सोचता हूं कि यह तथ्य है कि यह वास्तव में एक समग्र फ्रेमवर्क है। यह गैर-आदेशात्मक है। यह सही सवाल करता है। यह नहीं कहता कि आपको क्या करना है; यह पूछता है कि आप इसे कैसे करेंगे। और कैसे का मतलब है प्रक्रिया। यह शब्द फ्रेमवर्क में 200 से अधिक बार आया है और हर बार जब यह आया है तो एक प्रक्रिया के बारे में बताता है। अन्य प्रदर्शन उत्कृष्टता मॉडल पृथक प्रक्रियाओं तथा प्रक्रिया उन्नयन पर केंद्रित होते हैं। ज्यादातर संगठनों के पास पूर्णतः पारिभाषित अपनी मुख्य प्रक्रियाएं भी नहीं होतीं। बाल्ड्रिज आपको यह करने के लिए कहता है।

अपने पेशे के एक बड़े भाग में, आप प्रदर्शन उत्कृष्टता के प्रचार में संलग्न रहे हैं। अपने व्यक्तिगत रूप से क्या सीखा?
मेरी सबसे बड़ी निजी सीख है जीवन भर सीखने के लिए मेरी व्यक्तिगत प्रतिबद्धता, या “व्यक्तिगत अनवरत सुधार”। अगर हम अपने संगठन से इसकी मांग करते हैं तो हमें यही मांग खुद अपने आपसे से करनी होगी।

अगर हम बौद्धिक उत्सुकता को महत्व देते हैं, तो हमें नए विचारों के लिए हमेशा आसपास खोज करना होगा हालांकि वे हमारे व्यवसाय के लिए कोई खास कारगर न भी हों। जीवन में सबकुछ अंतर्संबंधित है। इसे अपने ध्यान में रखकर, संगठन को देखते हुए मैंने नेतृत्व या कार्य करते हुए आगे विकास किया और रोल मॉडल बना, यही सबसे बड़ा श्रेय है। इसमें अगली पीढ़ी के उन नेतृत्वकर्ताओं का पेशेवर विकास सम्मिलित होगा जिनके साथ मैंने काम किया है। जब आप अन्यों की सफलता के लिए एक सशक्त वातावरण तैयार करते हैं तो आप गर्व की शानदार अनुभूति कर पाते हैं।